राजस्थान के झालावाड़ से राजगढ़ होते हुए विदिशा तक फैली ड्रग सप्लाई चेन का खुलासा, PhonePe भुगतान और WhatsApp लोकेशन से होती थी डिलीवरी
गुड्डू किरार ✍️ मो- 9589362100
कोतवाली-सिविल लाइन पुलिस की चार कार्रवाई में 02 मोटरसाइकिल, इलेक्ट्रिक ऑटो, मोबाइल और नकदी भी जब्त
विदिशा। नशे के कारोबार के खिलाफ विदिशा पुलिस के “ऑपरेशन क्लीन स्वीप” में बड़ी कार्रवाई सामने आई है। थाना कोतवाली और थाना सिविल लाइन पुलिस ने अलग-अलग चार प्रकरणों में 80 ग्राम ब्राउन शुगर सहित ₹12,81,640/- का मशरूका जब्त कर 12 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। जब्त सामान में 02 मोटरसाइकिल, 01 इलेक्ट्रिक ऑटो, 01 मोबाइल फोन और ₹11,640 नगद शामिल हैं। पुलिस जांच में नशे की सप्लाई का नेटवर्क राजस्थान के झालावाड़ क्षेत्र से राजगढ़ होते हुए विदिशा तक पहुंचने की जानकारी सामने आई है।
जांच में यह भी खुलासा हुआ कि नेटवर्क से जुड़े कुछ आरोपी खुद भी नशे का सेवन करते थे। वहीं कुछ आरोपी पारिवारिक कनेक्शन और आपसी परिचितों के जरिए इस अवैध कारोबार से जुड़े थे। पुलिस अब सप्लायर से लेकर स्थानीय डीलर और वितरण नेटवर्क तक की कड़ियां जोड़ रही है।
चार प्रकरणों में 12 आरोपी गिरफ्त में
कोतवाली पुलिस ने 60 ग्राम ब्राउन शुगर पकड़ी
थाना कोतवाली पुलिस ने दो अलग-अलग कार्रवाई में 60 ग्राम ब्राउन शुगर जब्त कर 04 आरोपियों को गिरफ्तार किया।
03 अक्टूबर 2026 को इंडस्ट्रियल पार्क रोड, जांबर बागरी क्षेत्र में कार्रवाई के दौरान मोर सिंह तंवर एवं नारायण कुशवाहा उर्फ बाबा के कब्जे से 20-20 ग्राम ब्राउन शुगर जब्त की गई। मामले में अपराध क्रमांक 654/2026, धारा 8/21, 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
वहीं ढोलखेड़ी, बैरसिया रोड पर कार्रवाई करते हुए संदीप शर्मा एवं दिनेश मालवीय के कब्जे से 20 ग्राम ब्राउन शुगर और मोटरसाइकिल जब्त की गई। इस मामले में अपराध क्रमांक 650/2026, धारा 8/21 एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया। दोनों मामलों में लगभग ₹8 लाख का मशरूका जब्त किया गया।
सिविल लाइन पुलिस ने 20 ग्राम ब्राउन शुगर सहित ₹4.81 लाख का सामान पकड़ा
थाना सिविल लाइन पुलिस ने दो अलग-अलग प्रकरणों में 20 ग्राम ब्राउन शुगर, इलेक्ट्रिक ऑटो, अपाचे मोटरसाइकिल एवं ₹21,640/- नगद सहित लगभग ₹4,81,640/- का मशरूका जब्त किया। कुल 08 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
अपराध क्रमांक 755/2026 में योगेश सिंह अहिरवार, सरदार सिंह अहिरवार, विमला बाई, मोहर तंवर निवासी खिलचीपुर एवं रामप्रसाद के विरुद्ध धारा 8/21 एवं 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
वहीं अपराध क्रमांक 759/2026 में ऋतिक कुशवाहा, अभिषेक करण एवं कैलाश वाल्मीकि के विरुद्ध धारा 8/21 एवं 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज किया गया।
पहले डिजिटल भुगतान, फिर WhatsApp पर लोकेशन… ऐसे पहुंचती थी ब्राउन शुगर
पुलिस की जांच में नशे की डिलीवरी का तरीका भी सामने आया है। ग्राहक से PhonePe एवं अन्य डिजिटल माध्यमों से भुगतान लिया जाता था। इसके बाद WhatsApp के जरिए ऑनलाइन कॉलिंग और मैसेज से लोकेशन साझा की जाती थी। ग्राहक बताए गए स्थान पर पहुंचता और वहां उसे ब्राउन शुगर की पुड़िया उपलब्ध करा दी जाती थी।
इस तरीके में प्रत्यक्ष संपर्क कम रखा जाता था। पुलिस अब आरोपियों के मोबाइल फोन, WhatsApp संपर्क, कॉल डिटेल और डिजिटल लेनदेन को खंगाल रही है।
झालावाड़ से राजगढ़, फिर विदिशा तक पहुंची सप्लाई
जांच में मादक पदार्थों की सप्लाई राजस्थान के झालावाड़ क्षेत्र से होते हुए राजगढ़ और विदिशा तक पहुंचने की जानकारी सामने आई है। इसमें खिलचीपुर, जिला राजगढ़ से जुड़े सप्लाई लिंक की जानकारी भी पुलिस को मिली है।
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि सप्लाई का मुख्य स्रोत कौन है, स्थानीय स्तर पर माल किसके जरिए खपाया जा रहा था और इस नेटवर्क में कितने लोग जुड़े हैं।
नशा करने वाले ही बन गए सप्लाई नेटवर्क का हिस्सा
प्रारंभिक जांच में गिरफ्तार आरोपियों में कुछ के स्वयं नशा करने की जानकारी सामने आई है। नशे की लत के चलते कुछ आरोपी मादक पदार्थों की उपलब्धता और बिक्री से जुड़े नेटवर्क में शामिल हुए। कुछ मामलों में पारिवारिक कनेक्शन और आपसी परिचितों के जरिए आरोपियों के बीच संबंध सामने आए हैं।
पुलिस इन कड़ियों की पड़ताल कर नेटवर्क के अन्य संभावित सदस्यों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।
पैसों के नेटवर्क पर भी शिकंजा
नशे के कारोबार से होने वाली कमाई की भी जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस बैंक खातों, PhonePe और अन्य डिजिटल लेनदेन की जानकारी जुटा रही है। अवैध कारोबार से अर्जित राशि और उससे जुड़े आर्थिक स्रोतों की पड़ताल के साथ संबंधित खातों को फ्रीज कराने की प्रक्रिया भी की जा रही है।
वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में कार्रवाई
कार्रवाई पुलिस महानिदेशक मध्यप्रदेश कैलाश मकवाना के आदेशानुसार, पुलिस महानिरीक्षक भोपाल (देहात) जोन रुचिवर्धन मिश्र एवं उप पुलिस महानिरीक्षक भोपाल (देहात) रेंज राजेश सिंह चंदेल के निर्देशन तथा पुलिस अधीक्षक विदिशा रोहित काशवानी के मार्गदर्शन में की गई।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मोनिका तिवारी एवं नगर पुलिस अधीक्षक अतुल सिंह के नेतृत्व में थाना कोतवाली और थाना सिविल लाइन पुलिस टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।
कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक आनंद राज, थाना प्रभारी सिविल लाइन निरीक्षक राजपाल सिंह जादौन, निरीक्षक मोहरसिंह मंडेलिया (रक्षित केंद्र), उनि मकसूद अली, सउनि राम मनोहर, सउनि मुकेश ठाकुर, सउनि मलखान सिंह, सउनि (एम) सिद्धांत भदौरिया, सउनि पवन जैन, सउनि अर्जुन सिंह सहित पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
टीम में प्रधान आरक्षक विजय गुप्ता, महेंद्र, अरुण चौकसे, कुलदीप चंदेल, सुनील पुरी, कृष्ण कुमार मिश्रा, कमल रघुवंशी, आरक्षक धर्मेन्द्र चौहान, दिलीप शर्मा, मुकेश ठाकुर, अमर दांगी, शरद रैकवार, भूपेंद्र कुर्मी, अजय सिकरवार, योगेश संसिया, सुनील ओझा, राघवेंद्र सिकरवार, अखिलेश सिंह राजावत, शिशुपाल सिंह दांगी एवं महिला आरक्षक पूजा चौहान की विशेष भूमिका रही।
सप्लायर से डीलर तक… पुलिस की नजर पूरे नेटवर्क पर
पुलिस अधीक्षक रोहित काशवानी के निर्देश पर सप्लायर, डीलर, वितरण नेटवर्क, नशे के सेवन और आर्थिक स्रोतों से जुड़े प्रत्येक पहलू की जांच की जा रही है। पुलिस का फोकस अब केवल बरामदगी और गिरफ्तारी तक सीमित नहीं, बल्कि विदिशा तक नशा पहुंचाने वाली पूरी सप्लाई चेन को चिन्हित कर उसे तोड़ने पर है।
विदिशा पुलिस ने नागरिकों से मादक पदार्थों की बिक्री, सेवन अथवा सप्लाई की जानकारी स्थानीय पुलिस, नशा सूचना हेल्पलाइन 7587637635 अथवा डायल-112 पर देने की अपील की है। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।

