विदिशा। कलेक्टोरेट में पदस्थ उदय हजारी शुक्रवार को लंबी सेवा देने के बाद सेवानिवृत हुए। उनके साथियों द्वारा फूल माला पहनाकर उनको सम्मानित किया गया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की गई। इसके साथ ही उदय हजारी सबसे पहले रंगई स्थित हनुमान मंदिर पहुंचे और हनुमान जी महाराज का दर्शन कर पूजा अर्चना की गई और इसके बाद वह अपने कार्यालय आए और सभी लोगों से मिले। शाम को मानव सेवा न्यास में गरीबों को भोजन कराकर उनका आशीर्वाद लिया। उदय हजारी ने बताया कि उन्होंने 42 वर्षों तक अपनी सेवाएं कलेक्टोरेट में दी हैं और उन्होंने मानव सेवा के उद्देश्य को लेकर यहां आने वाले सभी लोगों के लिए शासन की योजनाओं का लाभ दिलाया है। उन्होंने कहा कि हमें ईश्वर द्वारा इस पद पर पहुंचाया है तो हमारा कर्तव्य बनता है कि जो व्यक्ति हमारे पास उम्मीद लेकर आया है उसका कार्य समय पर किया जाए। इसी उद्देश्य को लेकर मेरे द्वारा अपने सेवा काल में किसी को भी निराश नहीं होने दिया है। मैं अपने जूनियर कर्मचारियों से कहना चाहता हूं कि भगवान की कृपा के कारण आप इस लायक बने हैं कि परेशान लोगों की मदद कर सकें इसलिए मेरा यही मानना है कि जो भी व्यक्ति जिले के कोने-कोने से बड़ी उम्मीद लेकर यहां आते हैं इसलिए जहां तक संभव हो सके लोगों के कार्य में मदद करें और अपनी जिम्मेदारी निभाएं। उन्होंने बताया कि उनका जीवन का लक्ष्य यही है कि कोई भी व्यक्ति अगर परेशान आया है तो उसकी मदद की जाए और उसकी समस्या का हल किया जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि मेरे जीवन में हर तरह की समस्याएं सामने आई, लेकिन मैंने कभी अपनी जिम्मेदारी से हाथ पीछे नहीं खींचा और हर समस्या का मुस्तैदी से खड़ा होकर सामना किया है। 42 साल की सेवा देकर आज रिटायरमेंट हो रहा हूं पर ऐसा नहीं लग रहा है कि मन में कोई कमी रह गई हो, ईश्वर की कृपा के कारण जीवन और नौकरी दोनों हंसी-खुशी से समय निकल गया और पता ही नहीं चला।
